गाजियाबाद। डासना जेल में बंद एक कैदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जाकिर नाम के इसकैदी को दो दिन पहले ही लोनी में कॉलोनी के लोगों ने चोरी के आरोप में बुरी तरह पीटकर पुलिस के हवाले कर दिया था। हालत खराब होने पर उसे शाहदरा जीटीबी हॉस्पिटल में भतीर् करा दिया गया। वहां से उसे गुरुवार की रात को ही डिस्चार्ज कर जेल भेजा गया था। लेकिन शुक्रवार की शाम को जेल में उसकी हालत बिगड़ने पर उसे डिस्ट्रिक्ट हॉस्पिटल में फिर भतीर् कराया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया।
गौरतलब है कि जेल में पिछले 15 दिन में तीन कैदियों की मौत हुई है। इससे पहले फ्रंटियर मेल में बम विस्फोट के आरोपी शकील ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। जेल अधीक्षक वी. के. सिंह ने बताया कि जाकिर को लोनी पुलिस गंभीर रूप से घायल होने के बाद जेल लाई थी। इस पर जेल प्रशासन ने तत्काल उसे अस्पताल भेज दिया। शुक्रवार की शाम को इस कैदी ने अस्पताल में दम तोड़ा।गौरतलब है कि जेल में पिछले 15 दिन में तीन कैदियों की मौत हुई है। इससे पहले फ्रंटियर मेल में बम विस्फोट के आरोपी शकील ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। जेल अधीक्षक वी. के. सिंह ने बताया कि जाकिर को लोनी पुलिस गंभीर रूप से घायल होने के बाद जेल लाई थी। इस पर जेल प्रशासन ने तत्काल उसे अस्पताल भेज दिया। शुक्रवार की शाम को इस कैदी ने अस्पताल में दम तोड़ा।
गौरतलब है कि जेल में पिछले 15 दिन में तीन कैदियों की मौत हुई है। इससे पहले फ्रंटियर मेल में बम विस्फोट के आरोपी शकील ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। जेल अधीक्षक वी. के. सिंह ने बताया कि जाकिर को लोनी पुलिस गंभीर रूप से घायल होने के बाद जेल लाई थी। इस पर जेल प्रशासन ने तत्काल उसे अस्पताल भेज दिया। शुक्रवार की शाम को इस कैदी ने अस्पताल में दम तोड़ा।गौरतलब है कि जेल में पिछले 15 दिन में तीन कैदियों की मौत हुई है। इससे पहले फ्रंटियर मेल में बम विस्फोट के आरोपी शकील ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। जेल अधीक्षक वी. के. सिंह ने बताया कि जाकिर को लोनी पुलिस गंभीर रूप से घायल होने के बाद जेल लाई थी। इस पर जेल प्रशासन ने तत्काल उसे अस्पताल भेज दिया। शुक्रवार की शाम को इस कैदी ने अस्पताल में दम तोड़ा।